गगन के देवता बृहस्पति देव

बृहस्पति देव 1) राजदरबार मे स्थिति -मंत्री, धर्म गुरु, धर्माधिकारी, 2)राशि स्वामी – धनु और मीन राशि का 3) दृष्टि- विशेष दृष्टि के रूप में खुद की स्थिति से  5वॉ और 9वॉ  भाव तथा स्वयं से सप्तम भाव 4) उच्च राशी- बृहस्पति कर्क में उच्च का हाेता है।  उच्चतम डिग्री 5डिग्री है। 5) नीच राशी – बृहस्पति मकर राशी मे नीच के होते है। निचतम डिग्री 5 डिग्री है। 6) बृहस्पति की मूलत्रिकोना राशि 0 डिग्री से 10 डिग्री के बीच धनु राशी में होता है। उसके बाद अपना घर होता है। 7) बृहस्पति जीवित प्राणियों के रूप में जीव […]

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