कुंडली के तृतीय भाव में द्वितीयेश का प्रभाव

कुंडली के तृतीय भाव में द्वितीयेश का प्रभाव 1) कुंडली के द्वितीय भाव में तृतीय भाव में द्वितीयेश का प्रभाव जानने के लिए सर्वप्रथम हम द्वितीय भाव और तृतीय भाव के नैसर्गिक कारक के संदर्भ में जानकारी प्राप्त करेंगे। जैसा कि हम देख रहे हैं कि द्वितीय भाव स्वयं से द्वितीय स्थान में है, अतः प्रथम भाव के स्वामी का द्वितीय भाव में क्या प्रभाव होता है इसकी भी जानकारी प्राप्त कर लेनी चाहिए। 2) द्वितीय भाव का स्वामी तृतीय भाव में है अर्थात द्वितीय से द्वितीय भाव में, अतः भावत भावम सूत्र के अनुसार द्वितीय भाव के स्वामी अपने […]

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