कुंडली के नवम भाव में द्वितीयेश का प्रभाव

कुंडली के नवम भाव में द्वितीयेश का प्रभाव 1)कुंडली के नवम भाव में द्वितीयेश का प्रभाव जानने से पहले हम नवम भाव और द्वितीय भाव के नैसर्गिक कारक के संदर्भ में जानकारी प्राप्त करेंगे। द्वितीय भाव का स्वामी स्वयं के भाव से अष्टम स्थान में स्थित है। अतः प्रथम भाव के स्वामी का अष्टम भाव में क्या फल होता है हम इस के संदर्भ में भी जानकारी प्राप्त करेंगे। 2) द्वितीयेश नवम भाव में स्थित हो तब जातक स्वभाविक रूप से धन के मामले में भाग्यशाली होता है जातक धनी और समृद्ध व्यक्ति होता है। 3) नवम भाव धर्म का […]

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