उत्तरभद्रापद नक्षत्र

उत्तरभद्रापद नक्षत्र 1) 26th नक्षत्र 2) अंग्रेजी नाम- गामा पेगासी 3)नक्षत्र स्थिति- 3डिग्री 20मिनट से 16डिग्री  40 मिनट मीन राशी तक 4) राशि स्वामी – बृहस्पति 5) विशोंतरी दशा स्वामी – शनि 6) देवता – अहिरबुद्धायन 7)प्रतीक- चारपाई के पिछले पैर 8)वर्ण – क्षत्रिय लेकिन कुण्डली मिलान मे ब्राह्मण 9) वश्य – जलचर 10) गण- मानव 11) नाड़ी- मध्यम 12) योनि – गाय (गौ) 13) योनि वैर – व्याध्र 14) गुण – तामसिक(तमो) 15) दिशा- ऊपर की ओर 16) गतिविधि- संतुलित 17) प्रकृति– स्थिती 18) प्रकृति- ध्रुव (फिक्स्ड) 19) दोष -पित्त 20) लिंग- पुरुष लिंग 21) तत्व – आकाश/गगन तत्व […]

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पूर्वभाद्रपद नक्षत्र

पूर्वभाद्रपद नक्षत्र 1) 25 वीं नक्षत्र 2) अंग्रेजी नाम – अल्फा पेगासी 3)नक्षत्र स्थिति – 20 डिग्री कुंभ राशी से 3 डिग्री 20 मिनट मीन राशी तक 4) राशि स्वामी – प्रथम 3 पद शनि और अंतिम 4 पद बृहस्पति 5)विशोंतरी दशा स्वामी – बृहस्पति 6) देवता – अजएकपाद( भगवान रुद्र का एक रुप) 7)प्रतीक –  दो विपरीत दिशाओं वाले मानव मुख 8) वर्ण – ब्राह्मण लेकिन में कुण्डली मिलान प्रथम  3पद शूद्र है और अंतिम पद ब्राह्मण है। 9)वश्य -प्रथम 3पद मानव (द्विपद) और अंतिम पद जलचर है। 10) गण- मानव (मनुष्य) 11) योनि- सिंह 12)योनि वैर – गज […]

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शतभिषा नक्षत्र

शतभिषा नक्षत्र 1) 24 वें नक्षत्र 2)शतभिषा नक्षत्र को  Chatyam / Sadayam / Veiling स्टार के रूप में भी जानते है। 3) अंग्रेजी नाम- Aquari 4)नक्षत्र स्थिती —  6 डिग्री 40 मिनट से 20 डिग्री  कुंभ राशी मे 5) राशि स्वामी — शनि 6) विशोंतरी दशा स्वामी –  राहु 7)देवता – वरुण देव 8) प्रतीक – एक खाली गोलाकार आकृति 9)वर्ण – कसाई लेकिन कुण्डली मिलान में शूद्र 10) वश्य – द्विपद(मानव) 11) योनि- अश्व 12) योनि वैर – महिषी 13)नाड़ी– आदि 14) गण – दानव 15) गतिविधि – सक्रिय 16) प्रकृति — संहारक 17)नेचर – चर ( 18) गुण […]

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उत्तराषाढ़ नक्षत्र

उत्तराषाढ़ नक्षत्र 1) 21th नक्षत्र 2) अंग्रेजी नाम- σ (सिग्मा) Sagittarii 3)नक्षत्र स्थिति- 26 डिग्री 40मिनट धनु से 10 डिग्री मकर राशी मे 4) राशि स्वामी -प्रथम पद के राशि स्वामी बृहस्पति और अंतिम 3पद के राशि स्वामी शनि है। 5) विशोंतरी दशा स्वामी – सूर्य 6) देवता – दस विश्वदेवा(भगवान धर्म और देवी विश्वा का बेटा) 7) प्रतीक – हाथी दाँत 8) इस नक्षत्र को भगवान गणेश से भीे संबंधित माना जाता है। 9) वर्ण – क्षत्रिय लेकिन कुण्डली मिलान मे प्रथम पद क्षत्रिय है और अंतिम 3पद वैश्य विचार किया जाता है। 10)वश्य – चतुष्पद 11) गण- मानव […]

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पूर्वाषाढ़ा नक्षत्र

      पूर्वाषाढ़ा नक्षत्र अपराजिता नक्षत्र 1) 20 वीं नक्षत्र 2) अंग्रेजी नाम –  डेल्टा Sagittarii 3)नक्षत्र  स्थिती-13डिग्री 20मिनट से 26 डिग्री 40 मिनट धनु राशी मे 4) राशि स्वामी – गुरु 5)विशोंतरी दशा – स्वामी- शुक्र 6) देवता- अफा देवी ( जल की देवी) 7) प्रतीक –  हस्त पंखा  या हाथी दांत की आकृति 8) वर्ण- ब्राह्मण लेकिन कुण्डली में मिलान क्षत्रिय 9)वश्य – प्रथम पद द्विपद(मानव) है और पिछले 3पद चतुष्पद है 10) गण- मानव(मनुष्य) 11) योनि- वानर 12) योनि वैर – मेष 13) नाडी- मध्य 14) क्रियाएँ –  संतुलित 15)प्रकृति- स्थिती 16) प्रकृति- उग्र 17) लिंग- स्त्री […]

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मूला नक्षत्र

मूला नक्षत्र 1) 19वॉ नक्षत्र 2) अंग्रेजी नाम- Lemda Scorpii 3)नक्षत्र स्थिती –  0 डिग्री धनु राशी से 13 डिग्री 20 मिनट धनु राशी तक 4) राशि स्वामी – बृहस्पति 5)विशोंतरी दशा स्वामी – केतु 6)देवता – देवी निरिती/अलक्ष्मी या देवी महाकाली 7)प्रतीक –  जड़ों का गुच्छा जो एक साथ गुथें  हुए हो 8)वर्ण – कसाई लेकिन कुण्डली मिलान में क्षत्रिय 9)वश्य – द्विपद (मानव) 10)गण – दानव 11) योनि- श्वान 12)योनि वैर –  मृग 13) नाड़ी-आदि 14) गतिविधि- सक्रिय 15)प्रकृति– सृष्टि 16) प्रकृति- तीक्ष्ण 17) गुण -तामसिक (तमो) 18) दिशा – नीचे की ओर 19) लिंग – नपुंसक 20) […]

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ज्येष्ठा नक्षत्र

ज्येष्ठा नक्षत्र 1) 18 वीं नक्षत्र 2) अंग्रेजी नाम- अल्फा Scorpii/Antares 3)नक्षत्र स्थिती – 16 डिग्री 40 मिनट वृश्चिक राशी से 30 डिग्री वृश्चिक राशी तक 4) राशि स्वामी – मंगल ग्रह 5) विशोंतरी दशा स्वामी – बुध 6) देवता – इंद्र 7) प्रतीक –  चक्राकार सुरक्षा तिलस्म 8)वर्ण – दास लेकिन कुण्डली मिलान में ब्राह्मण 9)वश्य – कीट 10)गण – दानव 11) योनि – मृग 12)योनि वैर –  श्वान 13) नाड़ी – आदि 14) गतिविधि- सक्रिय 15) प्रकृति  – संहारक 16) प्रकृति – तीक्ष्ण 17) दिशा – बग़ल की ओर 18) लिंग – स्त्री लिंग 19) दोष – वात्त […]

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चित्रा नक्षत्र

चित्रा नक्षत्र 1) 14 वीं नक्षत्र 2) अंग्रेजी नाम–स्पाइका 3)नक्षत्र स्थिति – 23 डिग्री 20 मिनट कन्या राशी  से  6 डिग्री मिनट तुला राशी मे 4) राशि स्वामी -प्रथम 2पद के स्वामी बुध है और अंतिम 2पद  के स्वामी शुक्र है। 5) विशोंतरी दशा स्वामी – मंगल 6) देवता – विश्वकर्मा 7) प्रतीक – चमकीले गहने 8) वर्ण- दास लेकिन कुण्डली मिलान मे प्रथम 2पद वैश्य और अंतिम 2पद  शूद्र के रूप में विचार किया जाता है। 9)वश्य – द्विपद (मानव) 10) गण- दानव 11) गुण- तामसिक (तमो) 12) योनि- व्याध्र 13) योनि वैर – गाय (गौ) 14) नाडी- मध्य […]

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उत्तरफाल्गुणी नक्षत्र

उत्तरफाल्गुणी नक्षत्र 1) 12वीं नक्षत्र 2) अंग्रेजी नाम- बीटा Leones 3)नक्षत्र स्थिती – 26 डिग्री 40 मिनट सिंह राशी से 10 डिग्री कन्या राशी तक 4) राशि स्वामी – प्रथम पद का राशी स्वामी सूर्य है और अंतिम 3पद के स्वामी बुध है। 5)विशोंतरी दशा स्वामी  – सूर्य 6)देवता – आर्यमन (आदित्यों में से एक) 7) प्रतीक – बिस्तर 8) वर्ण – क्षत्रिय लेकिन कुण्डली मिलान मे प्रथम पद क्षत्रिय और अंतिम 3पद वैश्य विचार किया जाता है। 9)वश्य -प्रथम पद चतुष्पद और अंतिम तीन पद मानव 10)गण – मानव 12) गुण – राजसिक (रजोगुण) 13) योनि-  गाय 14) योनि […]

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पुर्वफाल्गुणी नक्षत्र

पुर्वफाल्गुणी नक्षत्र 1) 11 वीं नक्षत्र 2) अंग्रेजी नाम- गामा Leonis 3) नक्षत्र स्थिती – 13डिग्री 20मिनट से 26डिग्री  40 मिनट सिंह राशी मे 4)राशी स्वामी – सूर्य 5)विशोंतरी दशा स्वामी – शुक्र 6)देवता – भागा (विवाह और धन के देवता साथ ही भाग्य देवता भी माने जाते है) 7) प्रतीक – तैरता हुया बिस्तर/झूला 8)वर्ण – ब्राह्मण लेकिन कुण्डली मिलान में यह क्षत्रिय विचार किया जाता है। 9)वश्य – चतुष्पद(वनचर) 10)योनि – मूृषक 11)योनि वैर – मार्जर 12)गण – मानव 13)नाड़ी–मध्य 14) गतिविधि- संतुलित 15)प्रकृति- स्थिती 16) स्वभाव- उग्र 17)दिशा – ऊपर की ओर दिशा 18)लिंग – स्त्री लिंग […]

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