कुंडली के द्वादश भाव में सप्तमेश का प्रभाव

कुंडली के द्वादश भाव में सप्तमेश का प्रभाव 1)कुंडली के द्वादश भाव में सप्तमेश का प्रभाव जानने के लिए सर्वप्रथम हम सप्तम भाव और द्वादश भाव के नैसर्गिक कारक के संदर्भ में जानकारी प्राप्त करेंगे। सप्तम भाव का स्वामी स्वयं के भाव से छठे भाव में स्थित है, अतः प्रथम भाव के स्वामी का छठा भाव में क्या फल होता है, हम इसके बारे में भी जानकारी प्राप्त करेंगे। 2) सप्तम भाव और द्वादश भाव एक दूसरे से षडाष्टक संबंध बनाते हैं। अतः सप्तम भाव का स्वामी द्वादश भाव में स्थित हो तब यह शुभ नहीं माना जा सकता है। […]

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कुंडली के एकादश भाव में सप्तमेश का प्रभाव

कुंडली के एकादश भाव में सप्तमेश का प्रभाव 1)कुंडली के एकादश भाव में सप्तमेश का प्रभाव जानने के लिए सर्वप्रथम हम सप्तम भाव और एकादश भाव के नैसर्गिक कार्य के संदर्भ में जानकारी प्राप्त करेंगे। सप्तम भाव का स्वामी स्वयं के भाव से पंचम भाव में स्थित है। अतः प्रथम भाव के स्वामी का पंचम भाव में क्या फल होता है, हम इसके बारे में भी जानकारी प्राप्त करेंगे। 2)एकादश भाव को उपचय भाव भी माना जाता है। यदि सप्तम भाव का स्वामी एकादश भाव में स्थित हो तब यह सप्तम भाव के नैसर्गिक कारक में बढ़ोतरी करता है। 3)सप्तम […]

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कुंडली के दशम भाव में सप्तमेश का प्रभाव

कुंडली के दशम भाव में सप्तमेश का प्रभाव 1) कुंडली के दशम भाव में सप्तमेश का प्रभाव जानने से पहले हम सप्तम भाव और दशम भाव के नैसर्गिक कारक के संदर्भ में जानकारी प्राप्त करेंगे। सप्तम भाव का स्वामी स्वयं के भाव से चतुर्थ भाव में स्थित है, अतः प्रथम भाव के स्वामी का चतुर्थ भाव में क्या फल होता है, हम इसके बारे में भी जानकारी प्राप्त करेंगे। 2)सप्तम भाव दशम भाव का भावत भावम भाव होता है। अतः सप्तम भाव का स्वामी दशम भाव में स्थित हो तब दशम भाव को नैसर्गिक बल प्राप्त होता है। 3) दशम […]

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कुंडली के नवम भाव में सप्तमेश प्रभाव

कुंडली के नवम भाव में सप्तमेश प्रभाव 1) कुंडली के नवम भाव में सप्तमेश का प्रभाव जानने के लिए सर्वप्रथम हम सप्तम भाव और नवम भाव के नैसर्गिक कारक के संदर्भ में जानकारी प्राप्त करते हैं। सप्तम भाव का स्वामी स्वयं के भाव से तृतीय स्थान में स्थित है, अतः प्रथम भाव के स्वामी का तृतीय भाव में क्या फल होता है, हम इसके बारे में भी जानकारी प्राप्त करेंगे। 2) सप्तम भाव का स्वामी नवम भाव में शुभ नहीं माना जाता है। नवम भाव एक धर्म त्रिकोण होता है, सप्तम भाव काम त्रिकोण होता है। अतः सामाजिक मान्यता के […]

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कुंडली के अष्टम भाव में सप्तमेश का प्रभाव

कुंडली के अष्टम भाव में सप्तमेश का प्रभाव 1) कुंडली के अष्टम भाव में सप्तमेश का प्रभाव जानने के लिए सर्वप्रथम हम सप्तम भाव और अष्टम भाव के नैसर्गिक कारक के संदर्भ में जानकारी प्राप्त करेंगे। सप्तम भाव का स्वामी स्वयं के भाव से द्वितीय स्थान में स्थित है, अतः प्रथम भाव के स्वामी का द्वितीय भाव में क्या फल होता है, हम इसके बारे में भी जानकारी प्राप्त करेंगे। 2) यदि सप्तम भाव का स्वामी अष्टम भाव में स्थित है और एक दूसरे से द्वि द्वादश संबंध स्थापित करता है, जो कि एक उत्तम संबंध नहीं माना जाता है। […]

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कुंडली के सप्तम भाव में सप्तमेश का प्रभाव

कुंडली के सप्तम भाव में सप्तमेश का प्रभाव 1)कुंडली के सप्तम भाव में सप्तमेश का प्रभाव जानने के लिए सर्वप्रथम हम सप्तम भाव के नैसर्गिक कारक के संदर्भ में जानकारी प्राप्त करेंगे। सप्तम भाव का स्वामी स्वयं के भाव से प्रथम भाव में स्थित है, अतः प्रभाव के स्वामी का प्रथम भाव में क्या फल होता है, हम इसके बारे में भी जानकारी प्राप्त करेंगे। 2) सप्तम भाव का स्वामी स्वंय के भाव में स्थित है। सप्तम भाव के नैसर्गिक गुणों में और शुभ फलों में यह बढ़ोतरी करता है। साथ ही सप्तम भाव की बुरे प्रभाव को यह कम […]

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कुंडली के छठे भाव में सप्तमेश का प्रभाव

कुंडली के छठे भाव में सप्तमेश का प्रभाव 1) कुंडली के छठे भाव में सप्तमेश का प्रभाव जानने के लिए सर्वप्रथम हम छठा भाव और सप्तम भाव के नैसर्गिक कारक के संदर्भ में जानकारी प्राप्त करेंगे। सप्तम भाव का स्वामी स्वयं के भाव से द्वादश भाव में स्थित है, अतः प्रथम भाव के स्वामी का द्वादश भाव में क्या फल होता है, हम इसके बारे में भी जानकारी प्राप्त करेंगे। 2) छठा भाव सप्तम भाव से द्वादश होता है। यदि सप्तम भाव का स्वामी स्वयं से द्वादश भाव में स्थित हो तब यह द्वि द्वादश संबंध का निर्माण करता है, […]

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कुंडली के पंचम भाव में सप्तमेश का प्रभाव

कुंडली के पंचम भाव में सप्तमेश का प्रभाव 1)कुंडली के पंचम भाव में सप्तमेश का प्रभाव जानने के लिए सर्वप्रथम हम सप्तम भाव और पंचम भाव के नैसर्गिक कारक के संदर्भ में जानकारी प्राप्त करेंगे। पंचम भाव सप्तम भाव से एकादश स्थान है और सप्तम भाव का स्वामी पंचम भाव में स्थित है, अतः प्रथम भाव के स्वामी का एकादश भाव में क्या फल होता है, हम इसके बारे में भी जानकारी प्राप्त करेंगे। 2) सप्तम भाव का स्वामी पंचम भाव में शुभ नहीं माना जाता है। क्योंकि सप्तम भाव का स्वामी पंचम भाव में स्थित होने के कारण जातक […]

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कुंडली के चतुर्थ भाव में सप्तमेश का प्रभाव

कुंडली के चतुर्थ भाव में सप्तमेश का प्रभाव 1)कुंडली के चतुर्थ भाव में सप्तमेश का प्रभाव जानने के लिए सर्वप्रथम हम सप्तम भाव और चतुर्थ भाव के नैसर्गिक कारक के संदर्भ में जानकारी प्राप्त करेंगे। सप्तम भाव का स्वामी स्वयं के भाव से दशम भाव में स्थित है, अतः प्रथम भाव के स्वामी का दशम भाव में क्या फल होता है, हम इसके बारे में भी जानकारी प्राप्त करेंगे। 2) सप्तम भाव चतुर्थ भाव का भावत भावम भाव है और सप्तम भाव चतुर्थ भाव में स्थित है, अतः चतुर्थ भाव को नैसर्गिक बल की प्राप्ति होती है। सप्तम भाव स्वयं […]

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कुंडली के तृतीय भाव में सप्तमेश का प्रभाव

कुंडली के तृतीय भाव में सप्तमेश का प्रभाव 1) कुंडली के तृतीय भाव में सप्तमेश का प्रभाव जानने के लिए सर्वप्रथम तृतीय भाव और सप्तम भाव के नैसर्गिक कारक के संदर्भ में जानकारी प्राप्त करेंगे। सप्तम भाव का स्वामी स्वयं के भाव से नवम भाव में स्थित है, अतः प्रथम भाव के स्वामी का नवम भाव में क्या फल होता है, हम इसके बारे में भी जानकारी प्राप्त करेंगे। 2) सप्तम भाव और तृतीय भाव एक दूसरे से नवपंचम संबंध स्थापित करते हैं जो कि एक उत्तम संबंध माना जाता है। परंतु सप्तम भाव मारक भाव होता है, तृतीय भाव […]

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