कुंडली के पंचम भाव में चतुर्थेश का प्रभाव

कुंडली के पंचम भाव में चतुर्थेश का प्रभाव 1)कुंडली के पंचम भाव में चतुर्थेश का प्रभाव जानने के लिए सर्वप्रथम हम पंचम भाव और चतुर्थ भाव के नैसर्गिक कारक के संदर्भ में जानकारी प्राप्त करेंगे।चतुर्थ भाव का स्वामी स्वयं के भाव से द्वितीय स्थान में स्थित है अतः हम प्रथम भाव के स्वामी का द्वितीय भाव में क्या फल होता है, इसके बारे में भी जानकारी प्राप्त करेंगे। 2) चतुर्थ भाव का स्वामी पंचम भाव में शुभ माना जाता है। चतुर्थ भाव और पंचम भाव एक दूसरे से द्वि- द्वादश है, परंतु यहां पर द्वि-द्वादश संबंध होने पर भी अशुभ […]

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